जारी आदेश में सिरसौद थाना प्रभारी मुकेश दुबौलिया को बालाघाट स्थानांतरित किया गया है। वहीं अमोला थाना प्रभारी अंशुल गुप्ता को मंडला कोतवाली भेजा गया है। इसके अलावा अमित चतुर्वेदी, दिनेश नरवरिया, राघवेंद्र सिंह यादव और विनोद यादव को भी बालाघाट में नई जिम्मेदारी दी गई है। इन सभी अधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों में कानून व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इसी क्रम में कुछ अधिकारियों की वापसी भी शिवपुरी जिले में हुई है। बालाघाट और मंडला में अपनी सेवा अवधि पूरी करने के बाद पुनीत वाजपेई को मंडला से शिवपुरी भेजा गया है। इसके अलावा अंकित उपाध्याय, संजय सिंह किरार, दीपक गौतम और अविनाश राठौर को भी बालाघाट से शिवपुरी पदस्थ किया गया है।
पुलिस मुख्यालय ने स्पष्ट किया है कि यह तबादले प्रशासनिक आवश्यकता और कार्य अनुभव के आधार पर किए गए हैं। खासकर नक्सल प्रभावित जिलों में अनुभवी अधिकारियों की तैनाती को लेकर यह कदम अहम माना जा रहा है। बालाघाट और मंडला जैसे क्षेत्र सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील माने जाते हैं, जहां पुलिसिंग को मजबूत करने के लिए अनुभवी अधिकारियों की जरूरत रहती है।
शिवपुरी जिले में हुए इन तबादलों के बाद कई थानों की जिम्मेदारी में बदलाव देखने को मिलेगा। इससे न केवल प्रशासनिक ढांचे में बदलाव आएगा बल्कि जमीनी स्तर पर पुलिसिंग की रणनीति भी प्रभावित होगी।
स्थानीय पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह नियमित प्रक्रिया का हिस्सा है, जिसमें समय-समय पर अधिकारियों को अलग-अलग जिलों में भेजा जाता है ताकि उनका अनुभव व्यापक हो और विभिन्न परिस्थितियों में काम करने की क्षमता बढ़े।
फिलहाल सभी संबंधित अधिकारियों को आदेश का पालन करते हुए तुरंत नई पदस्थापना स्थल पर रिपोर्ट करने के निर्देश दिए गए हैं।