Mahakaushal Times

क्या जनप्रतिनिधियों को भी आम नागरिकों की तरह जवाबदेह बनाया जाए?

– अशोक कुमार झा लोकतंत्र का सबसे बड़ा आधार समानता है। संविधान का मूल भाव भी यही कहता है कि कानून की नजर में सभी नागरिक समान हैं लेकिन जब व्यवहारिक व्यवस्था की बात आती है तो अक्सर यह प्रश्न उठता है कि क्या वास्तव में सभी के लिए नियम समान हैं? हाल के वर्षों […]

क्या हम विकास और विनाश के बीच संतुलन साध पाएंगे?

– ललित गर्गवेनेजुएला में हाल में आए भीषण भूकम्प ने केवल एक देश को नहीं, बल्कि पूरी मानवता को झकझोर दिया है। मृतकों और लापता लोगों की संख्या समय के साथ बदलती रही हो, लेकिन त्रासदी की भयावहता निर्विवाद है। हजारों परिवार अपने प्रियजनों को खोने की असहनीय पीड़ा से गुजर रहे हैं। ऐसे प्रत्येक […]

मानसून के मिजाज पर अल नीनो का असर, कुछ इलाकों में अतिवृष्टि तो कहीं बारिश की कमी की आशंका

विश्व मौसम संगठन और भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार वर्ष 2026 में प्रशांत महासागर में रिकॉर्ड तापीय विसंगति के साथ ऐतिहासिक ‘सुपर अल नीनो’ सक्रिय हो चुका है जो कि भारत के लिए कमजोर मानसून और सूखे की गंभीर चेतावनी है। भारत में मानसून केवल मौसमीय घटना नहीं है। देश की लगभग आधी कृषि […]

UP Politics: ब्राह्मण वोट बैंक पर छिड़ी बड़ी जंग, SP-BJP के बीच चुनाव से पहले शुरू हुआ शह-मात का खेल

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) विपक्षी दलों के घेरे को मजबूती से तोड़ते हुए उन्हें कमजोर करती जा रही है। ऐसे में कई लोगों का अनुमान है कि तृणमूल कांग्रेस और उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाले शिवसेना समूह के पतन के बाद, अब समाजवादी पार्टी (सपा) की बारी है। उत्तर प्रदेश में विधान सभा चुनाव अगले […]

16 जून का इतिहास: शिवाजी महाराज की वीरता

इतिहास के पन्नों में 16 जून का दिन कई महत्वपूर्ण घटनाओं और उपलब्धियों के कारण विशेष स्थान रखता है। यह तारीख केवल भारत ही नहीं, बल्कि विश्व इतिहास के लिए भी यादगार रही है। समय-समय पर इस दिन घटित घटनाओं ने समाज, राजनीति, विज्ञान और संस्कृति के क्षेत्र में नई दिशा प्रदान की है। छत्रपति […]

फीफा का नया मॉडल: खेल, दर्शक और बढ़ता व्यावसायीकरण..

फीफा द्वारा आयोजित 23वें फुटबॉल विश्व कप की शुरुआत हो गई है। इस बार 39 दिन चलने वाले इस टूर्नामेंट की सबसे गौर करने वाली बात यही है कि यह अपने सर्जक जूल्स रिमेट द्वारा प्रतिपादित मूल मूल्यों से कितना भटक गया है। पहला विश्व कप 1930 में उरुग्वे में खेला गया था। उस समय […]

देश की राजनीति में खास मुकाम हासिल करने की कहानी.

प्रो. मनोज कुमारकुछ बात तो है उनमें, कोइ यूँ ही नरेन्द्र मोदी नहीं कहलाता. वैसे भी भारतीय राजनीति में अलग-अलग समय में अलग-अलग मानक गढ़े जाते हैं और वह ऐतिहासिक हो जाता है. एक और राजनीतिक मानक गढ़ा है प्रधानमंत्री के रूप में नरेन्द्र मोदी ने. लगातार 12 वर्ष प्रधानमंत्री बने रहने का उनका यह […]

“बचपन को मिले श्रम नहीं, बल्कि शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान का अधिकार”

बाल श्रम के विरुद्ध विश्व दिवस-12 जून 2026– ललित गर्ग –हर वर्ष 12 जून को मनाया जाने वाला बाल श्रम के विरुद्ध विश्व दिवस केवल एक औपचारिक दिवस नहीं, बल्कि मानवता के अंतःकरण को झकझोरने वाला अवसर है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि दुनिया का कोई भी बच्चा मजदूर बनने के लिए पैदा […]

मनुस्मृति और भारतीय संविधान : नीति-निदेशक तत्वों का तुलनात्मक दृष्टिकोण..

लेखक: डॉ. राकेश कुमार आर्य भारतीय संविधान में अनुच्छेद 36 से 51 तक राज्य के नीति-निदेशक तत्वों का उल्लेख किया गया है। ये ऐसे संवैधानिक निर्देश हैं जो राज्य को लोककल्याण की दिशा में मार्गदर्शन प्रदान करते हैं, यद्यपि इन्हें न्यायालय द्वारा प्रवर्तित नहीं कराया जा सकता। संविधान सभा के सलाहकार सर बी.एन. राव ने […]

7.8% जीडीपी ग्रोथ ने दिखाई ताकत, पर अर्थव्यवस्था के सामने बनी चुनौतियां

  राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) द्वारा गत सप्ताह जारी किए गए सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि के ताजा आंकड़े बताते हैं कि वित्त वर्ष 26 की चौथी तिमाही में सालाना आधार पर अर्थव्यवस्था 7.8 फीसदी की दर से बढ़ी। यह दर पिछली तिमाही के लगभग समान है और इसके साथ एक सकारात्मक आश्चर्य भी जुड़ा […]