श्रीपाल ने एक चर्चित अखबार मीडिया से बातचीत में कहा, मेरा भाई मेहनत कर रहा है, भीख नहीं मांग रहा। अगर किसी ने सच में मदद की है तो हमें क्यों नहीं बताया गया। हमारे पास कोई राशि नहीं आई। उन्होंने यह भी कहा कि सोनू सूद, तेज प्रताप यादव या अन्य लोगों के कथित दावे केवल सोशल मीडिया पर हैं, और परिवार को ऐसी कोई सहायता नहीं मिली है।
राजपाल यादव का कानूनी मामला
राजपाल यादव पर 2010 की फिल्म ‘अता पता लापता’ के निर्माण के लिए प्राइवेट कंपनी से 5 करोड़ रुपए का लोन न चुकाने का आरोप है। फिल्म फ्लॉप होने के बाद समय पर भुगतान न होने से कई चेक बाउंस हो गए और मामला 2018 में अदालत तक गया। दिल्ली कड़कड़डूमा कोर्ट ने उन्हें दोषी ठहराया और छह महीने की जेल की सजा सुनाई। इसके बाद हाईकोर्ट में अपील की गई, लेकिन अतिरिक्त समय देने से इनकार कर दिया गया।
सहायता का विवाद
हालांकि सोशल मीडिया पर कई हस्तियों के मदद के दावे सामने आए हैं, जैसे सोनू सूद और तेज प्रताप यादव, श्रीपाल यादव ने स्पष्ट किया कि अभी तक परिवार को कोई पैसा नहीं मिला। उन्होंने कहा, अगर वास्तव में किसी ने आर्थिक मदद दी है, तो हमें इसका पता होना चाहिए। अफवाह फैलाना ठीक नहीं है।
हालांकि तेज प्रताप यादव ने सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से दावा किया है कि उन्होंने 11 लाख रुपए की आर्थिक मदद देने का प्रस्ताव रखा है। लेकिन परिवार की ओर से कहा गया कि उन्हें अभी तक यह राशि प्राप्त नहीं हुई है।
परिवार की भावनाएं और उम्मीद
राजपाल यादव का परिवार मूल रूप से उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर का है। उनके पिता का हाल ही में निधन हुआ था। श्रीपाल यादव ने भावुक होते हुए कहा कि परिवार परेशान नहीं है, लेकिन दुख जरूर है। उन्होंने अदालत से अपील की कि राजपाल की बात भी पूरी गंभीरता से सुनी जाए।श्रीपाल ने कहा, हम सच्चे हैं, और सच्चाई की जीत होगी। देर हो सकती है, लेकिन न्याय मिलेगा।