Mahakaushal Times

Morena robbery : जेल में बनी गैंग 11 ने अंबाह में डाली डकैती, किन्नर गुरु को बंधक बनाकर सोना-चांदी लूटा

 
Morena robbery : मुरैना। अंबाह में किन्नर गुरु के घर हुई सनसनीखेज डकैती ने पुलिस जांच में कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। वारदात के पीछे मामा भांजे की जोड़ी द्वारा जेल में तैयार की गई 11 सदस्यों की संगठित गैंग का हाथ सामने आया है। इस गिरोह ने पांच दिन के भीतर तीन अलग अलग जगहों पर वारदात की कोशिश की जिनमें दो बार असफल रहने के बाद तीसरी बार अंबाह में बड़ी लूट को अंजाम देकर फरार हो गए।

पुलिस जांच के मुताबिक गिरोह की कमान सुरेश निषाद और उसके भांजे सुनील निषाद के हाथ में थी। दोनों पहले से आपराधिक गतिविधियों में सक्रिय रहे हैं और जेल में बंद रहने के दौरान उनकी मुलाकात अन्य अपराधियों से हुई। समान आपराधिक पृष्ठभूमि और एक ही समाज से जुड़े होने के कारण इनके बीच नजदीकियां बढ़ीं। जेल से रिहा होने के बाद मामा भांजे ने संपर्क बनाए रखा और नौ अन्य लोगों को जोड़कर गैंग 11 तैयार कर ली। गिरोह के सभी सदस्य मध्यप्रदेश उत्तर प्रदेश और राजस्थान में दर्ज मामलों में आरोपी रहे हैं।

गैंग ने 13 जनवरी को राजस्थान के पाली जिले के सराफा बाजार में पहली वारदात की कोशिश की लेकिन बाजार में हलचल होने से भागना पड़ा। 16 जनवरी को मुरैना जिले के कैलारस में एक परिवार को बंधक बनाकर चोरी की पर उम्मीद के मुताबिक माल नहीं मिला। उसी रात सराफा बाजार में सीसीटीवी तार काटने के बावजूद वे सफल नहीं हो सके। 17 जनवरी की रात करीब दो बजे बदमाश सफेद एसयूवी से अंबाह पहुंचे। खेतों के रास्ते छत पर चढ़कर गैस कटर से गेट काटा और घर में घुस गए। किन्नर राबिया और रिया को हथियारों की नोक पर बंधक बनाकर 22 तोला सोना 4 किलो चांदी और करीब चार लाख रुपये नकद लूट लिए। पहचान छिपाने के लिए सीसीटीवी डीवीआर भी साथ ले गए।

पीड़िता के अनुसार लूट के बाद बदमाशों ने अश्लील हरकतें कीं और जान से मारने की धमकी दी। बदमाश बार बार घर में किसी पुरुष की मौजूदगी के बारे में पूछते रहे। एक आरोपी के फारसी भाषा बोलने का भी जिक्र सामने आया है जिससे अंदरूनी मुखबिरी की आशंका गहराई। जांच में पता चला कि एक मुस्लिम साईं ने किन्नर के यहां कार्यक्रमों के दौरान जेवर देखे थे और यह जानकारी अपने दामाद के माध्यम से सुनील निषाद तक पहुंचाई गई जिसके बाद पूरी योजना बनाई गई।

घटना के बाद मुरैना पुलिस ने चार विशेष टीमें गठित कर मध्यप्रदेश राजस्थान और उत्तर प्रदेश में जांच का दायरा बढ़ाया। 500 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए और मुखबिर की सूचना पर अलग अलग राज्यों से पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। अब तक करीब डेढ़ लाख रुपये नकद डेढ़ किलो चांदी और छह तोला सोना बरामद किया गया है। मुख्य आरोपी समेत छह बदमाश अभी फरार हैं जिनकी तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि यह एक संगठित अंतरराज्यीय गिरोह है जिसने योजनाबद्ध तरीके से वारदातों को अंजाम दिया। शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद अन्य मामलों के भी खुलासे होने की संभावना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

MADHYA PRADESH WEATHER

आपके शहर की तथ्यपूर्ण खबरें अब आपके मोबाइल पर