अगले 24 घंटों के दौरान ग्वालियर-चंबल संभाग के भिंड और दतिया जिलों में ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है। वहीं भोपाल और जबलपुर समेत कई जिलों में आंधी, बारिश और बादलों का असर देखने को मिलेगा। मौसम विभाग ने बताया कि अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के साथ पश्चिमी विक्षोभ, साइक्लोनिक सर्कुलेशन और ट्रफ लाइन सक्रिय हैं। इन सभी सिस्टम के कारण प्रदेश में मौसम तेजी से बदल रहा है।
30 मार्च से शुरू हुआ यह मौसम सिस्टम प्रदेश के लगभग सभी संभागों को प्रभावित करेगा। ग्वालियर, चंबल, भोपाल, इंदौर, उज्जैन, नर्मदापुरम, जबलपुर, सागर, रीवा और शहडोल संभाग के अधिकतर जिलों में 2 अप्रैल तक मौसम में बदलाव बना रहेगा।
आंधी और बारिश के चलते दिन के तापमान में गिरावट आने की संभावना है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी। फिलहाल प्रदेश के अधिकांश शहरों में अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक दर्ज किया जा रहा है। रविवार को मंडला में सबसे अधिक 39.8 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया।
इसके अलावा नौगांव में 39 डिग्री, दतिया में 38.4 डिग्री, नर्मदापुरम में 38.3 डिग्री, खरगोन और सतना में 38.2 डिग्री, खंडवा में 38.1 डिग्री, सिवनी, गुना और उमरिया में 38 डिग्री, टीकमगढ़ में 37.8 डिग्री, रतलाम और दमोह में 37.6 डिग्री, मलाजखंड में 37.5 डिग्री, रीवा, नरसिंहपुर और रायसेन में 37.4 डिग्री तथा छिंदवाड़ा में 37.2 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।
प्रदेश के प्रमुख शहरों में जबलपुर का तापमान 37.5 डिग्री, भोपाल में 36.6 डिग्री, इंदौर में 35.8 डिग्री, ग्वालियर में 38.2 डिग्री और उज्जैन में 36.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
मौसम विभाग ने आगे के लिए चेतावनी भी जारी की है। अनुमान है कि अप्रैल और मई में तेज गर्मी पड़ेगी। इन महीनों में ग्वालियर, चंबल, जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है। वहीं भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी गर्मी का असर बना रहेगा।