छोटे भाई ने देखा खौफनाक मंजर
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतका के माता-पिता फेरी लगाकर प्लास्टिक का सामान बेचने का काम करते हैं और रोज की तरह शुक्रवार सुबह भी काम पर निकल गए थे। दोपहर के समय जब छोटा भाई घर पहुँचा, तो उसने अपनी बहन को कमरे में पंखे से लटके हुए देखा। बहन की यह हालत देख मासूम भाई सहम गया और उसने तुरंत फोन कर अपने माता-पिता को इस भयावह स्थिति की जानकारी दी। शोर सुनकर इकट्ठा हुए पड़ोसियों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी।
जांच में जुटी पुलिस, कारणों पर सस्पेंस
घटनास्थल पर पहुँची पुलिस को कमरे से कोई भी सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। पुलिस ने जब परिजनों से प्रारंभिक पूछताछ की, तो उन्होंने किसी भी तरह के घरेलू विवाद या किशोरी को डांट-फटकार लगाने जैसी बात से साफ इनकार किया है। बताया जा रहा है कि किशोरी ने पांचवीं कक्षा के बाद अपनी पढ़ाई छोड़ दी थी और वह घर के कामों में हाथ बटाती थी। सुसाइड नोट न होने और परिजनों के बयानों के चलते पुलिस के लिए यह मामला एक रहस्य बन गया है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
शनिवार को पुलिस की मौजूदगी में शव का पोस्टमार्टम किया गया, जिसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम की विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सटीक समय और अन्य तकनीकी पहलुओं की जानकारी मिल सकेगी। फिलहाल, पुलिस किशोरी के मोबाइल फोन और उसके दोस्तों से पूछताछ करने की योजना बना रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या वह पिछले कुछ दिनों से किसी मानसिक तनाव में थी।