Jabalpur News : मध्यप्रदेश। जबलपुर में शहीद राजा शंकर शाह और कुंवर रघुनाथ शाह के 168वें बलिदान दिवस पर नेताजी सुभाष चंद्र बोस कन्वेंशन सेंटर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दोनों वीरों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा, “जन्म और मृत्यु तो एक बार होती है, लेकिन शंकर शाह और रघुनाथ शाह की मृत्यु कोई साधारण मृत्यु नहीं थी, वह बलिदान था, जो उन्हें अमर बना गया।”
सीएम ने आदिवासी समाज के इस गौरव पर गर्व जताया और कहा कि, ‘उनके बलिदान की कहानी हर किसी को प्रेरित करती है। अंग्रेजों ने इन वीरों के सामने तीन शर्तें रखीं- धर्म बदलो, अंग्रेजी सत्ता स्वीकार करो और विरोध का चरित्र छोड़ दो। लेकिन शंकर शाह और रघुनाथ शाह ने एक भी शर्त नहीं मानी। अंग्रेजों ने कायरता दिखाते हुए बिना मुकदमा चलाए उन्हें तोप से उड़ा दिया। सीएम ने इस क्रूरता की निंदा की और कहा कि यह आदिवासी समाज के साहस और स्वाभिमान की मिसाल है।’
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जिक्र करते हुए कहा कि पीएम ने अपना जन्मदिन आदिवासी भाई-बहनों के बीच धार में मनाया, जो उनके प्रेम और सम्मान को दर्शाता है। सीएम ने कहा कि आदिवासी समाज और उनकी पार्टी के बीच गहरा प्रेम है। उन्होंने माता-बहनों से स्वास्थ्य का ध्यान रखने की अपील की और कहा कि स्वस्थ मां से ही परिवार स्वस्थ रहता है। बीमारी का समय पर पता लगे और इलाज हो, यह जरूरी है। साथ ही, उन्होंने स्वदेशी भाव को बढ़ावा देने और छोटे व्यापारियों को साथ लेकर चलने की बात भी दोहराई।
कार्यक्रम से पहले सीएम ने शहीदों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण किया और रानी दुर्गावती चिकित्सालय में स्वच्छता अभियान में हिस्सा लिया। इस मौके पर उन्होंने आदिवासी समाज के गौरव और बलिदान को याद करते हुए सभी से एकजुटता और स्वदेशी भाव को मजबूत करने का आह्वान किया।