नई दिल्ली । आज 2 अप्रैल 2026 को पूरे भारत में हनुमान जयंती का भव्य पर्व मनाया जा रहा है। यह दिन हर साल चैत्र महीने की पूर्णिमा के दिन आता है और इसे भगवान हनुमान के जन्मोत्सव के रूप में श्रद्धा भाव से मनाया जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार इसी दिन भगवान राम के अनन्य भक्त, संकटमोचन हनुमान जी का जन्म हुआ था। इस पावन अवसर पर भक्तजन बड़े श्रद्धा और भक्ति भाव से मंदिरों में हनुमान जी की पूजा करते हैं और प्रसाद चढ़ाकर आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।
हनुमान जयंती का आध्यात्मिक महत्व अत्यंत बड़ा माना जाता है। कहा जाता है कि सच्चे मन से की गई पूजा से जीवन में डर, बाधाएं और परेशानियां कम होती हैं और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। लेकिन ज्योतिषियों और धर्मशास्त्रों के अनुसार इस दिन कुछ सामान्य गलतियों से बचना बेहद जरूरी है। इन गलतियों से बजरंगबली रुष्ट हो सकते हैं और पूजा का फल प्रभावित हो सकता है।
तामसिक चीजों का सेवन न करें
हनुमान जयंती के दिन खान-पान में शुद्धता का विशेष ध्यान रखें। मांस, मछली, अंडा, प्याज, लहसुन जैसी तामसिक चीजों का सेवन बिल्कुल न करें। केवल सात्विक भोजन ही पूजा और व्रत के लिए उचित माना जाता है।
काले कपड़े न पहनें
हिन्दू लोक मान्यता और शास्त्रों के अनुसार पूजा के दौरान काले कपड़े पहनना अशुभ माना जाता है। खासकर हनुमान जयंती के दिन भूलकर भी काले कपड़े पहनने से बचें। सफेद रंग के कपड़े भी कुछ ग्रंथों में अनुकूल नहीं बताए गए हैं। हमेशा लाल, पीला या नारंगी जैसे शुभ रंगों का चयन करें।
महिलाओं को हनुमान जी की प्रतिमा नहीं छूनी चाहिए
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार हनुमान जी बाल ब्रह्मचारी हैं। इसलिए महिलाओं को इस दिन हनुमान जी की मूर्ति या तस्वीर को छूने से परहेज करना चाहिए। केवल श्रद्धा और भक्ति के साथ पूजा में भाग लें।
अगर आप हनुमान जयंती के दिन व्रत रख रहे हैं तो भूलकर भी नमक का सेवन न करें। इस दिन व्रत तोड़ने के लिए मीठे व्यंजन का सेवन करना शुभ माना गया है।
किसी को परेशान न करें
हनुमान जयंती के दिन किसी भी जानवर या वानर को परेशान करना वर्जित है। ऐसा करने से हनुमान जी की नाराजगी होती है और घर में अशांति आ सकती है।
भगवान राम का अपमान न करें
हनुमान जी के अनन्य भक्त होने के कारण, हनुमान जयंती पर भगवान राम का सम्मान करना भी उतना ही आवश्यक है। अगर इस दिन श्रीराम का अपमान या अनदेखी की जाती है, तो माना जाता है कि हनुमान जी रुष्ट हो सकते हैं।
इस हनुमान जयंती पर श्रद्धा, भक्ति और सावधानी के साथ पूजा-अर्चना करने से न केवल हनुमान जी की कृपा प्राप्त होती है बल्कि जीवन में सकारात्मकता, भय और संकटों से मुक्ति भी मिलती है। इसलिए आज के दिन उपरोक्त गलतियों से बचें और सच्चे मन से हनुमान जी की आराधना करें।