113 दिनों से डेरा जमाए हाथियों का झुंड, गांवों में बढ़ा खतरा
जानकारी के अनुसार तीन हाथियों का समूह पिछले लगभग चार महीनों से अनूपपुर जिले के जंगलों में डटा हुआ है। यह झुंड दिनभर घने जंगलों में रहता है और शाम ढलते ही भोजन की तलाश में रिहायशी इलाकों की ओर रुख कर लेता है। जैतहरी और अनूपपुर वन परिक्षेत्र के कई गांव इन हाथियों के सीधे प्रभाव में आ चुके हैं। ग्रामीणों का कहना है कि रात होते ही घरों के आसपास हलचल बढ़ जाती है, जिससे लोग भयभीत रहते हैं।
मकानों को नुकसान, खेतों की फसलें बर्बाद
हाथियों के उत्पात से सबसे ज्यादा नुकसान ग्रामीणों को हुआ है। कई मकानों की दीवारें ढहा दी गई हैं, जबकि बाड़ियों में लगी धान, केला, कटहल और महुआ की फसलें पूरी तरह से नष्ट हो गई हैं। ग्रामीणों की महीनों की मेहनत कुछ ही घंटों में तबाह हो रही है, जिससे आर्थिक संकट भी गहरा रहा है।
घर के आंगन में घुसा हाथी, परिवार में मचा हड़कंप
खांडा बांध क्षेत्र में मोहन सिंह के घर में उस समय दहशत फैल गई जब एक हाथी रात में सीधे आंगन में घुस आया। हाथी ने वहां रखी धान की फसल खाना शुरू कर दिया। घर के अंदर मौजूद महिलाएं और बच्चे डर के मारे चीखने लगे। गश्त कर रही वन विभाग की टीम और स्थानीय लोगों ने पटाखे फोड़कर किसी तरह हाथी को जंगल की ओर खदेड़ा और परिवार को सुरक्षित बाहर निकाला।
वन विभाग का नुकसान, सुरक्षा व्यवस्था भी प्रभावित
वन परिक्षेत्राधिकारी विवेक मिश्रा ने बताया कि हाथियों के झुंड ने कुकुरगोड़ा और पड़रिया पंचायत में कई घरों को नुकसान पहुंचाया है। इसके अलावा चोलना बीट में वन विभाग के 40 से अधिक आरसीसी पोल और लगभग 100 मीटर लंबी फेंसिंग तार को भी हाथियों ने तोड़ दिया है, जिससे सुरक्षा व्यवस्था कमजोर हो गई है।
16 दिनों से अकेला हाथी भी सक्रिय
जिला मुख्यालय से करीब 8 किलोमीटर दूर पोंड़ी और खांडा के जंगलों में एक अकेला हाथी पिछले 16 दिनों से डेरा डाले हुए है। यह हाथी भी लगातार मूवमेंट में है और आसपास के गांवों के लिए खतरा बना हुआ है।
सीमा पर नया दंतैल हाथी, 48 घंटे में घुसने की आशंका
सोमवार सुबह छत्तीसगढ़ के कटघोरा वन मंडल से होते हुए एक नया दंतैल हाथी मरवाही के माडाकोट पहाड़ तक पहुंच गया है। आशंका जताई जा रही है कि अगले 24 से 48 घंटों में यह हाथी भी अनूपपुर जिले की सीमा में प्रवेश कर सकता है, जिससे स्थिति और गंभीर हो सकती है।
वन विभाग की अपील, ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह
वन विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में अलर्ट जारी करते हुए ग्रामीणों से रात में घर से बाहर न निकलने और हाथियों के करीब न जाने की सख्त हिदायत दी है। गश्ती दल लगातार हाथियों की लोकेशन पर नजर बनाए हुए हैं और हालात पर निगरानी रखी जा रही है।