Mahakaushal Times

Q1 नतीजों से पहले मोतीलाल ओसवाल का बड़ा दांव, BSE से हिंडाल्को तक 5 शेयरों को मॉडल पोर्टफोलियो में दी जगह

नई दिल्ली । वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही के नतीजों का दौर शुरू होने के साथ ही भारतीय शेयर बाजार में निवेशकों की नजर प्रमुख कंपनियों के प्रदर्शन पर टिक गई है। इसी बीच ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल ने अपने मॉडल पोर्टफोलियो में बदलाव करते हुए पांच प्रमुख कंपनियों के शेयरों को शामिल किया है। फर्म का मानना है कि आने वाले तिमाही नतीजों में इन कंपनियों का प्रदर्शन अपेक्षाकृत मजबूत रह सकता है, जिससे निवेशकों के लिए बेहतर अवसर बन सकते हैं।

अर्निंग सीजन की शुरुआत सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र की बड़ी कंपनी के तिमाही नतीजों के साथ हो रही है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार कंपनियों की आय और लाभ में स्थिर सुधार देखने को मिल सकता है। इसी अनुमान के आधार पर ब्रोकरेज फर्म ने लार्जकैप, मिडकैप और स्मॉलकैप कंपनियों की आय वृद्धि को लेकर सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाया है। फर्म का अनुमान है कि लार्जकैप कंपनियां सालाना आधार पर लगभग 17 प्रतिशत, मिडकैप कंपनियां 15 प्रतिशत और स्मॉलकैप कंपनियां 16 प्रतिशत तक राजस्व वृद्धि दर्ज कर सकती हैं।

मॉडल पोर्टफोलियो में शामिल कंपनियों में अरविंद फैशन्स को मजबूत उपभोक्ता मांग और मौजूदा स्टोर्स की बिक्री में सुधार का लाभ मिलने की उम्मीद जताई गई है। ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी के राजस्व में अच्छी बढ़ोतरी के साथ लाभप्रदता में भी सुधार देखने को मिल सकता है। परिचालन मार्जिन और ग्रॉस मार्जिन में सुधार की संभावना को भी सकारात्मक संकेत माना गया है।

एचडीएफसी एएमसी को लेकर फर्म का आकलन अपेक्षाकृत संतुलित है। अनुमान है कि कंपनी के प्रबंधनाधीन परिसंपत्तियों में बहुत बड़ा बदलाव नहीं होगा, जिससे राजस्व वृद्धि सीमित रह सकती है। इसके बावजूद मजबूत परिचालन दक्षता और ऊंचे ईबीआईटीडीए मार्जिन के कारण कंपनी की वित्तीय स्थिति स्थिर बनी रहने की संभावना व्यक्त की गई है।

ब्रोकरेज ने बीएसई को भी अपने पसंदीदा शेयरों में शामिल किया है। उसका मानना है कि नकद और डेरिवेटिव बाजार में बढ़ती गतिविधियों से कंपनी के ट्रांजैक्शन आधारित राजस्व में सुधार हो सकता है। साथ ही परिचालन लागत पर नियंत्रण और बेहतर दक्षता के कारण कंपनी के मार्जिन में भी सकारात्मक बदलाव आने की संभावना जताई गई है।

किर्लोस्कर ऑयल इंजन्स के बारे में ब्रोकरेज का अनुमान है कि घरेलू कारोबार में मजबूत मांग कंपनी की आय को सहारा दे सकती है। निर्यात क्षेत्र में फिलहाल कुछ चुनौतियां बनी हुई हैं, लेकिन आने वाली तिमाहियों में अंतरराष्ट्रीय मांग में सुधार की उम्मीद व्यक्त की गई है। निवेशकों की नजर कंपनी के जेनरेटर सेट कारोबार, मूल्य निर्धारण रणनीति, उच्च क्षमता वाले उत्पादों और विस्तार योजनाओं की प्रगति पर बनी रहेगी।

हिंडाल्को को लेकर भी ब्रोकरेज ने सकारात्मक रुख अपनाया है। फर्म का मानना है कि वैश्विक बाजार में एल्युमीनियम की कीमतों में मजबूती और घरेलू कारोबार का स्थिर प्रदर्शन कंपनी के परिणामों को समर्थन दे सकता है। हालांकि विदेशी इकाई के एक संयंत्र में हुई आग की घटना के कारण कुछ परिचालन दबाव बने रहने की संभावना भी जताई गई है। इसके बावजूद समग्र कारोबार को मजबूत माना गया है।

अर्निंग सीजन के दौरान कंपनियों के वास्तविक वित्तीय नतीजे और भविष्य को लेकर दिए जाने वाले प्रबंधन के संकेत बाजार की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। ऐसे में निवेशकों की निगाह केवल मुनाफे और आय पर ही नहीं, बल्कि कंपनियों की भविष्य की रणनीति, मांग के रुझान और विस्तार योजनाओं पर भी रहेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि तिमाही परिणामों के आधार पर आने वाले दिनों में शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव बढ़ सकता है और निवेशकों को सोच-समझकर निर्णय लेने की आवश्यकता होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

MADHYA PRADESH WEATHER

आपके शहर की तथ्यपूर्ण खबरें अब आपके मोबाइल पर