पहली घटना 22 मई को शहर के सरदार पटेल हॉस्पिटल के पीछे स्थित एक निर्माणाधीन मकान में हुई। मकान मालिक अमित कुमार नायक ने पुलिस को शिकायत में बताया कि अज्ञात बदमाश रात के समय मकान में घुसे और बिजली फिटिंग के लिए डाले गए तार काटकर चोरी कर ले गए। चोरी का पता सुबह काम पर पहुंचे लोगों को चला, जिसके बाद मामले की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
इसी दिन दूसरी वारदात विराज सिटी इलाके में सामने आई। यहां विजय कुमार गामी के निर्माणाधीन मकान को चोरों ने निशाना बनाया। बताया गया कि देर रात आरोपी मकान में घुसा और अंडरग्राउंड वायरिंग के बिजली तार काटकर उन्हें बोरी में भरने लगा। चोरी किए गए सामान की कीमत करीब 20 हजार रुपए बताई जा रही है। इस मामले में पुलिस ने लक्ष्मीनगर निवासी सोनू खान को आरोपी बनाया है।
लगातार हो रही चोरियों के बीच तीसरी घटना ने सभी को चौंका दिया। बदमाशों ने शासकीय माध्यमिक विद्यालय महुपुरा में भी चोरी की वारदात को अंजाम दे दिया। स्कूल के ताले तोड़कर चोर अंदर घुसे और बिजली बोर्ड तथा वायरिंग को नुकसान पहुंचाते हुए तार चोरी कर ले गए। स्कूल प्रबंधन ने घटना की शिकायत पुलिस को सौंप दी है।
तीन वारदातों के बाद सक्रिय हुई कोतवाली पुलिस ने संदिग्ध सोनू खान को हिरासत में लिया है। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या अन्य घटनाओं में भी उसका हाथ है। पुलिस का मानना है कि चोरी की इन घटनाओं के पीछे एक ही गिरोह सक्रिय हो सकता है, जो निर्माणाधीन मकानों और कम सुरक्षा वाले सरकारी भवनों को निशाना बना रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर में लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं से भय का माहौल बन गया है। खासकर निर्माणाधीन मकानों में सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने का फायदा चोर उठा रहे हैं। लोगों ने रात में पुलिस गश्त बढ़ाने और ऐसे इलाकों में निगरानी मजबूत करने की मांग की है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और अन्य संदिग्धों की तलाश भी की जा रही है।