नरकटियागंज में अचानक आई तेज आंधी ने लोगों को संभलने का मौका तक नहीं दिया। अजुआ गांव के पास नरकटियागंज-व्यासपुर रोड पर पिंटू कुमार की हार्डवेयर दुकान का एस्बेस्टस छप्पर तेज हवा में उड़कर करीब 30 मीटर दूर जा गिरा। इस दौरान उनके मकान की दीवार भी क्षतिग्रस्त हो गई। गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।
गांव के ही बच्चा पटेल की झोपड़ी का छप्पर भी आंधी में उड़ गया, जिससे उनका परिवार पूरी रात खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गया। तेज हवा और बारिश के दौरान लोग अपनी जान बचाने के लिए सुरक्षित जगहों पर भागते नजर आए।
आंधी का असर यातायात पर भी पड़ा। नरकटियागंज-लौरिया रोड पर जयमंगलापुर के पास एक बड़ा पेड़ गिर गया, जिससे करीब आधे घंटे तक सड़क जाम रही। स्थानीय लोगों की मदद से पेड़ हटाकर यातायात बहाल किया गया।
सेमरा चौक पर भी एक बड़ा आम का पेड़ उखड़कर गिर गया, जिससे एक वाहन क्षतिग्रस्त हो गया। मौसम की मार फसलों पर भी साफ दिखी। बागान मालिकों के मुताबिक, आम और लीची की फसल को भारी नुकसान हुआ है, क्योंकि बड़ी संख्या में कच्चे फल गिर गए। हालांकि बारिश से गन्ना, मूंग और उड़द की फसलों को फायदा मिला है।
उधर, बेतिया के लाल बाजार इलाके में सोमवार रात करीब 12:15 बजे शॉर्ट सर्किट से दुर्गाशक्ति हार्डवेयर दुकान में भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और पास के गोदाम को भी अपनी चपेट में ले लिया।
सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची और करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। दुकान मालिक प्रकाश कुमार के अनुसार, इस हादसे में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है।
एक ही दिन में आंधी-बारिश और आग की घटनाओं ने पश्चिम चंपारण में लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए है, जबकि प्रभावित लोग राहत की उम्मीद कर रहे हैं।