प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार गुरुवार को उमरिया से कटनी की ओर आ रहा एक लोडर ट्रक और कटनी से दूसरी दिशा में जा रहा हाइवा ट्रक नैगवा गांव के पास आमने-सामने भिड़ गए। टक्कर इतनी तेज थी कि दूर तक धमाके जैसी आवाज सुनाई दी। हादसे के तुरंत बाद हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई और दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
घटना की सूचना मिलते ही बड़वारा थाना प्रभारी के.के. पटेल अपनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों की मदद से तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया। ट्रकों के क्षतिग्रस्त केबिन में फंसे घायलों को बाहर निकालना बेहद मुश्किल हो रहा था। काफी मशक्कत के बाद पुलिस और ग्रामीणों ने मिलकर घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला।
हादसे में गंभीर रूप से घायल लोगों को तत्काल पुलिस वाहन और एम्बुलेंस की मदद से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बड़वारा पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उनकी हालत गंभीर देखते हुए जिला अस्पताल कटनी रेफर कर दिया। अस्पताल में घायलों का इलाज जारी है।
पुलिस प्रशासन ने बताया कि हादसे में जान गंवाने वाले युवक की पहचान राजेंद्र कोल के रूप में हुई है, जो विजयराघवगढ़ क्षेत्र का निवासी था और ट्रक में क्लीनर के रूप में काम करता था। हादसे के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
हादसे के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग 43 पर कुछ समय के लिए यातायात पूरी तरह बाधित रहा। बाद में पुलिस ने क्षतिग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाकर यातायात बहाल कराया। घटना के बाद इलाके में लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई थी।
प्राथमिक जांच में हादसे की वजह तेज रफ्तार और वाहन नियंत्रण बिगड़ना माना जा रहा है, हालांकि पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा।
इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर हाईवे पर तेज रफ्तार भारी वाहनों के खतरे को उजागर कर दिया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सड़क सुरक्षा के लिए सख्त कदम उठाने और भारी वाहनों की गति पर नियंत्रण लगाने की मांग की है।