पहले बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम 20 ओवर में 7 विकेट पर 158 रन ही बना सकी। बल्लेबाज एक बार फिर बड़ी साझेदारी बनाने में नाकाम रहे और टीम चुनौतीपूर्ण स्कोर तक नहीं पहुंच सकी। जवाब में इंग्लैंड ने सिर्फ 13.5 ओवर में एक विकेट खोकर 159 रन बनाते हुए मुकाबला 37 गेंद शेष रहते अपने नाम कर लिया।
गेंदों के लिहाज से यह भारत की टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में तीसरी सबसे बड़ी हार रही। वहीं 150 से अधिक रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए इंग्लैंड ने विकेटों के लिहाज से अपनी संयुक्त रूप से दूसरी सबसे बड़ी जीत दर्ज की।
इंग्लैंड की जीत के हीरो कप्तान हैरी ब्रूक रहे, जिन्होंने सिर्फ 35 गेंदों में 79 रनों की विस्फोटक पारी खेली। उन्होंने चौकों और छक्कों की बरसात करते हुए भारतीय गेंदबाजों को कोई मौका नहीं दिया। दूसरी ओर फिल साल्ट ने 42 गेंदों में नाबाद 59 रन बनाए। दोनों बल्लेबाजों ने दूसरे विकेट के लिए 68 गेंदों में 146 रन की अविजित साझेदारी कर मैच पूरी तरह इंग्लैंड के पक्ष में कर दिया।
यह जीत इंग्लैंड के लिए ऐतिहासिक भी रही। पहली बार उसने भारत को दो या उससे अधिक मैचों की द्विपक्षीय टी20 सीरीज में हराया है। इससे पहले दोनों देशों के बीच खेली गई छह टी20 द्विपक्षीय सीरीज में भारत ने पांच जीती थीं, जबकि एक सीरीज बराबरी पर समाप्त हुई थी।
अब दोनों टीमों के बीच सीरीज का पांचवां और अंतिम टी20 मुकाबला 11 जुलाई को साउथेम्प्टन के द रोज बाउल स्टेडियम में खेला जाएगा। भारतीय टीम सम्मान बचाने के इरादे से मैदान पर उतरेगी, जबकि इंग्लैंड की नजर क्लीन स्वीप पर होगी।