डिण्डौरी कलेक्टर ने आंगनवाड़ी केंद्र का किया औचक निरीक्षण, 41 बच्चों के नाम दर्ज...मिला एक भी नहीं
डिंडौरी में कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया के औचक निरीक्षण में आदर्श आंगनवाड़ी केंद्र में 41 पंजीकृत बच्चों में से कोई उपस्थित नहीं मिला। सहायिका 15 दिन से अनुपस्थित थी। जिसके बाद कलेक्टर ने कार्रवाई के निर्देश दिए है।

Dindori News: मध्य प्रदेश के डिंडौरी जिले में आंगनवाड़ी केंद्र के औचक निरीक्षण के दौरान लापरवाही सामने आई है। कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया जब नुनखान स्थित नरिया सेंटर के आदर्श आंगनवाड़ी केंद्र पहुंचीं, तो वहां पंजीकृत 41 बच्चों में से एक भी बच्चा मौजूद नहीं मिला। बच्चों की अनुपस्थिति पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई और संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए।
41 बच्चों में से कोई उपस्थित नहीं
कलेक्टर ने केंद्र पहुंचकर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान पता चला कि केंद्र में 41 बच्चों का पंजीयन है, लेकिन निरीक्षण के समय एक भी बच्चा उपस्थित नहीं था। इस स्थिति पर उन्होंने नाराजगी जताई और बच्चों की अनुपस्थिति को गंभीरता से लिया।
सहायिका 15 दिन से नहीं आ रही थी केंद्र
निरीक्षण के दौरान आंगनवाड़ी कार्यकर्ता केंद्र में उपस्थित मिलीं, लेकिन सहायिका पिछले 15 दिनों से केंद्र नहीं आ रही थी। इस लापरवाही को देखते हुए कलेक्टर ने कार्यकर्ता और सहायिका, दोनों के विरुद्ध कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश
कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने संबंधित अधिकारियों से नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा। निरीक्षण का उद्देश्य आंगनवाड़ी केंद्रों में बच्चों की उपस्थिति, कर्मचारियों की जिम्मेदारी और व्यवस्थाओं की स्थिति की जांच करना था।
इस घटना के बाद केंद्र में बच्चों की नियमित उपस्थिति और कर्मचारियों की जिम्मेदारी को लेकर सवाल खड़े हुए हैं। अब संबंधित विभाग की कार्रवाई पर नजर रहेगी।




