Bargi Dam Alert : बरगी बांध के गेट कभी भी खुल सकते हैं! जल स्तर 420.15 मीटर पर पहुंचा, नर्मदा घाटों पर 3-4 फीट बढ़ेगा पानी
Bargi Dam Alert : बांध प्रबंधन ने नर्मदा के घाटों और तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। लोगों से नदी से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की गई।
Bargi Dam Alert: मध्य प्रदेश। मध्य प्रदेश के पूर्वी हिस्से में लगातार हो रही बारिश के कारण नर्मदा नदी का जलस्तर बढ़ रहा है। इसका असर रानी अवंति बाई लोधी सागर परियोजना के बरगी जलाशय पर भी दिखाई दे रहा है। बांध में पानी की आवक बढ़ने के कारण जलस्तर लगातार ऊपर जा रहा है। ऐसे में जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बरगी बांध के गेट कभी भी खोले जा सकते हैं। बांध प्रबंधन ने नर्मदा के घाटों और तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। लोगों से नदी से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की गई है।
बरगी बांध का जलस्तर 420.15 मीटर पहुंचा
बरगी बांध के कार्यपालन यंत्री राजेश सिंह के अनुसार शुक्रवार 14 अगस्त की सुबह 8 बजे बांध का जलस्तर 420.15 मीटर दर्ज किया गया। बांध की वर्तमान जल उपयोगी क्षमता 2492 एमसीएम है। यह कुल क्षमता का 78.36 प्रतिशत है। लगातार बारिश और जलग्रहण क्षेत्र में पानी आने के कारण बांध के जलस्तर पर नजर रखी जा रही है। प्रशासन और बांध प्रबंधन स्थिति के अनुसार आगे का फैसला लेगा।
24 घंटे में करीब 1000 क्यूमेक पानी छोड़ने की तैयारी
फिलहाल बरगी बांध में करीब 760 क्यूमेक पानी की आवक हो रही है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान और जलभराव क्षेत्र में हो रही बारिश को देखते हुए अगले 24 घंटे में करीब 1000 क्यूमेक पानी छोड़े जाने की संभावना है। हालांकि, पानी छोड़ने की मात्रा स्थिर नहीं रहेगी। बांध में पानी की आवक कम या ज्यादा होने पर निकासी की मात्रा भी बदली जा सकती है।
गेट खोलने से पहले दी जाएगी सूचना
बांध प्रबंधन ने बताया है कि गेट खोलने से पहले संबंधित क्षेत्रों को सूचना दी जाएगी। इसके लिए वायरलेस मैसेज और संबंधित WhatsApp ग्रुप के माध्यम से जानकारी भेजी जाएगी।
इसका उद्देश्य नर्मदा किनारे रहने वाले लोगों और संबंधित प्रशासन को पहले से सतर्क करना है। इसके बावजूद लोगों को केवल सूचना का इंतजार करने के बजाय नदी और घाटों से पहले ही सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है।
नर्मदा घाटों पर 3 से 4 फीट बढ़ सकता है पानी
यदि बरगी बांध के गेट खोले जाते हैं, तो नर्मदा नदी के घाटों पर जलस्तर करीब 3 से 4 फीट तक बढ़ सकता है। पानी बढ़ने से नदी के किनारे और निचले इलाकों में खतरा बढ़ सकता है।
बांध प्रबंधन ने लोगों से नर्मदा घाटों और तटीय क्षेत्रों से पर्याप्त दूरी बनाए रखने की अपील की है। खासतौर पर बच्चों और परिवारों को नदी किनारे जाने से बचने की सलाह दी गई है।
गेट खुलने की स्थिति में नर्मदा किनारे बढ़ेगा खतरा
बरगी बांध से पानी छोड़े जाने पर उसका सीधा असर नर्मदा के डाउनस्ट्रीम क्षेत्रों में दिखाई दे सकता है। ऐसे में नदी का जलस्तर अचानक बढ़ सकता है। घाटों पर स्नान, नाव चलाने या नदी के पास खड़े होकर फोटो लेने जैसी गतिविधियों से बचना जरूरी होगा।
प्रशासन की ओर से जारी आधिकारिक सूचना पर नजर रखना भी महत्वपूर्ण है। मौसम खराब रहने और बारिश जारी रहने पर नदी का जलस्तर और बढ़ सकता है।
पानी की आवक के हिसाब से बदलेगा फैसला
बरगी बांध में पानी की आवक और जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है। यदि जलग्रहण क्षेत्र में बारिश बढ़ती है, तो पानी की निकासी भी बढ़ाई जा सकती है। वहीं बारिश कम होने पर निकासी की मात्रा घटाई जा सकती है। इसलिए बांध के गेट कितनी संख्या में और कितनी देर के लिए खोले जाएंगे, इसका अंतिम फैसला परिस्थितियों को देखकर लिया जाएगा। फिलहाल लोगों के लिए सबसे जरूरी संदेश यही है कि नर्मदा नदी और उसके घाटों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें।
